तू सच है

EDITOR: Gyan Akarsh

तेरे इर्दगिर्द घूमती मेरी कहानी, तुझसे मुझे कुछ जोड़ती सी है, मेरा ज़िक्र तुझमें करती सी है। मेरा साया दिखता है तुझमें, तू सच है, या आईना है?

आस

EDITOR: Aditya Prakash Singh

एक दिन आएगा, जब हम मिलेंगें, जब तुम दिखोगी।

एक कविता मेरी भी


पंकज गौतम + Pankaj Gautam | @IAmPankajGautam काव्य लिखत है आज हमारे सारे बच्चे,  क्या खूब लिखत है! दिल हैं इनके सबसे सच्चे।  दिल है इनके सच्चे, लेखनी बहुत है भारी, गद्य हो चुका बहुत, अब हैं पद्य की बारी।  कहे पंकज कविराय, आज कुछ हम भी लिखेंगे, सबने अपनी कह दी, अब कुछ  हम भी कहेंगे।    “दो …